पुलिस ने चेकिंग के लिए रोका तो हमलावर ने कुल्हाड़ी लेकर...

बांदा. यहां के कालिंजर थाने के बाहर एक कार सवार युवक ने पुलिसकर्मियों पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। अचानक हुए इस हमले में तीन पुलिस कांस्टेबल घायल हो गए। जिनमें 2 की हालत गंभीर बनी हुई है। बताया जा रहा है कि ये हमला उस वक्त हुआ जब थाने के बाहर पुलिस कर्मी वाहन चेकिंग कर रहे थे। फिलहाल, पुलिस ने हमलावर को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच कर रही है। 

-दरअसल, बांदा के सुदूर कालिंजर थाने के बाहर पुलिस मंगलवार को दिन में वाहन चेकिंग कर रही थी। तभी एमपी के पन्ना की तरफ से आ रही सफेद मारुति कार को कांस्टेबल ने रुकने का इशारा किया।

-गाड़ी रुकी और उसमें से कुल्हाड़ी लिए जगदीश यादव नाम का व्यक्ति नीचे उतरा और सीधे कांस्टेबल नितिन के गर्दन, आंख और कमर पर तीन ताबड़तोड़ वार कर दिए। 

-अचानक हुए हमले से अचकचाया पुलिस कांस्टेबल लहूलुहान होकर नीचे गिर पड़ा। 

-वहीं जब दूसरे पुलिस कर्मी ने अपने साथी कांस्टेबल को बचाने की कोशिश की तो हमलावर ने दूसरे कांस्टेबल पर भी कई वार किए और वहां से फरार हो गया। 

-उसकी गाड़ी के आगे लगी नंबर प्लेट में बड़े बड़े अक्षरों से 'एडवोकेट' और 'जगदीश यादव' लिखा था।

 

कई थानों की पुलिस ने हमलावर को घेरा

-हमलावर के फरार होने के बाद कालिंजर थाने से इसकी सूचना बड़े अफसरों को दी गई और मौके पर चार थानों का फोर्स भेजा गया।

- इस दौरान पुलिस लगातार हमलावर का पीछा करती रही लेकिन उसके आसपास फटकने की हिम्मत कोई भी पुलिसकर्मी नहीं जुटा पा रहा था। 

-अतिरिक्त फोर्स आने के बाद जब हमलावर की घेराबंदी की गई तो वह सतकपुरवा गांव में बाजरे के खेतों में जाकर छिप गया। 

-इसके बाद कड़ी मशक्कत के बाद हमलावर को पकड़ा गया। 

 

क्या बोली पुलिस 

-अपर एसपी ने बताया कि इस दौरान हमलावर कई बार बाजरे के खेतों में जाकर छिप गया। जिससे आपरेशन काफी देर तक चला। 

-हमलावर की पहचान एमपी के पन्ना जिला निवासी जगदीश यादव के तौर पर हुई है और वह पेशे से वकील बताया जा रहा है। 

-फिलहाल, हमलावर पुलिस की गिरफ्त में है और उसके कब्जे से साढ़े चार किलो गांजा भी मिला है। 

-पुलिस ने बताया कि हमलावर पर धारा 307, 504, 353, 323 IPC और NDPC एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है।

-गांव वालों के सहयोग से हमलावर को रस्सी से बांधकर पकड़ा जा सका। 

-इस दौरान हमलावर लगातार बेकाबू रहा और आसपास फटकने वाले किसी भी व्यक्ति पर हमला करने से गुरेज नहीं कर रहा था। 

तीन घायल सिपाहियों में से कांस्टेबल नितिन की हालत गंभीर है और उसे इलाज के लिए झांसी मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है।