लॉस एंजेल्स (NNI Live) :- अमेरिकी कंपनी फाइजर के चेयरमैन ने गुरुवार को भरोसा दिलाया है कि कोरोना संक्रमण की प्रभावी वैक्सीन अगले महीने (अक्टूबर) के अंत तक आ जाएगी। इसके लिए अमेरिका में वैक्सीन के वितरण की तैयारियां की जा रही हैं। फाइजर अमेरिका की उन दो कंपनियों में से एक है, जो नियमानुसार तीसरे क्लिनिकल ट्रायल में है। दूसरी कंपनी मोडरेना है। इसके अलावा एक ब्रिटिश बायोफ़ार्मचुटिकल कंपनी ‘एस्ट्राजेनेक’ ने भी तीसरा क्लिनिकल ट्रायल शुरू कर दिया है।

अमेरिका की फ़ूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (एफडीए) ने मंगलवार को संकेत दिए थे कि तीसरे क्लिनिकल ट्रायल के दौरान सब कुछ ठीक ठाक रहता है, तो इसके परिणाम आने से पहले भी वैक्सीन जारी की जा सकती है। इन कंपनियों पर दबाव पड़ रहा है कि वैक्सीन तीन नवंबर को होने वाले राष्ट्रपति चुनाव से पहले विकसित हो जाए और इसे नवंबर के महीने में जारी कर दिया जाए। ट्रम्प प्रशासन ने वैक्सीन के विकसित करने, इसके उत्पादन और वितरण के लिए एक उच्च स्तरीय ऑपरेशन रैप स्पीड का गठन किया। इसका नेतृत्व नौ सेना के पूर्व शीर्ष अधिकारी को सौंपा गया था। इसके मुख्य कार्यों में वैक्सीन विकसित करने, उत्पादन और वितरण कार्य सहयोग देने वाली कंपनियों के बीच अपेक्षित समन्वय बनाना था। अमेरिका की नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एलर्जी और इंफ़ेक्शियस डीजीज (सीडीसी) ने भी सोमवार को एक वक्तव्य में कहा था कि कोरोना वैक्सीन के विकास और उत्पादन में दो अमेरिकी कंपनिया मोडरेना बायोटेक और फ़ाइज़र तीसरे क्लिनिकल ट्रायल में बड़ी मुस्तैदी से जुटी हुई है।

अमेरिका के महामारी विद डॉक्टर एंथनी फोचि ने भी गुरुवार को संकेत दिया कि वैज्ञानिकों की ओर से कोरोना वैक्सीन का काम युद्ध स्तर पर हो रहा है और उम्मीद करनी चाहिए कि यह वैक्सीन तब तक बाज़ार में आ जाएगी। ‘यूएस टूडे’ के अनुसार सीडीसी ने हेल्थ अधिकारियों से कहा है कि नवंबर में वैक्सीन के वितरण की तैयारी करें। यह भी कहा जा रहा है कि वितरण का काम कोस्ट गार्ड को दिया जा सकता है।